#52_Cruelities_On_GodKabir
खूनी हाथी से मरवाने की व्यर्थ चेष्टा " शेखतकी के कहने पर दिल्ली के बादशाह सिकंदर लोधी ने कबीर परमेश्वर को खूनी हाथी से मरवाने की आज्ञा दे दी । शेखतकी ने महावत से कहकर हाथी को एक - दो शीशी शराब की पिलाने को कहा । हाथी मस्ती में भरकर कबीर परमेश्वर को मारने चला । कबीर जी के हाथ - पैर बाँधकर पृथ्वी पर डाल रखा था । जब हाथी परमेश्वर कबीर जी से दस कदम ( 50 फुट ) दूर रह गया तो परमेश्वर कबीर के पास बब्बर शेर खड़ा केवल हाथी को दिखाई दिया । हाथी डर से चिल्लाकर ( चिंघाड़ मारकर ) भागने लगा । परमेश्वर के सब रस्से टूट गए । उनका तेजोमय विराट रूप सिकंदर लोधी को दिखा । तब बादशाह ने कांपते हुए अपने गुनाह की माफी मांगी ।